Sunday, May 20, 2012
Friday, May 18, 2012
सपने
जीवन में अब बहुत कुछ की उम्मीद नहीं है ,पर हाँ ;
सपने है एक नयी बदलती दुनिया के , एक बेहतर और खूबसूरत दुनिया के ,
कविता के , अक्षरों के , अल्फाज के ध्वनि के ,
फूलो के , बादलों के, चाँद के ,
किताबो के , संगीत के ,
बस सपने ही सपने है और इन्ही सपने पर मेरी साँसे चल रही है ........
ज़िन्दगी
उजाले अपनी यादों के हमारे साथ रहने दो ;
न जाने किस गली में ज़िन्दगी की शाम हो जाए .....
----बशीर बद्र
Wednesday, May 9, 2012
बेटियाँ
दोस्तों . बेटियाँ अगर घर में हो तो घर की रौनक बढ जाती है . ये मैं जानता हूँ . मैं ये भी कहूँगा कि हम सब बेटियों को सिर्फ और सिर्फ प्यार दे , क्योंकि वो भी हमें सिर्फ और सिर्फ प्यार ही देती है .
चाँद
ये जो चाँद है न ,वो रात को निकलता है .....!!
वैसे तो चाँद हर रोज निकलता है , पर कभी कभी अमावस आ जाती है ......
और इस बार की अमावस अब खत्म नहीं होंगी कभी .....!
शुभप्रभात
शुभप्रभात मित्रों ;
खुदा आप सभी को जिंदगी की सारी बरकत दे.
ईश्वर आपको खुश रखे .
वाहे गुरु की कृपा हो आप पर.
और जीसस के आशिश बरसे आप सभी पर.
प्रणाम
विजय
लड़की
शुभप्रभात मित्रों;
जिस माँ ने जन्म दिया , वो भी एक लड़की ;
जिस बहन ने राखी बाँधी ,वो भी एक लड़की ;
जिस प्रेमिका से प्यार हुआ ,वो भी एक लड़की ;
जो पत्नी बनी ,वो भी एक लड़की ;
जो बहु बनकर भोजन देंगी , वो भी एक लड़की ;
फिर एक लड़की को जन्म न देकर इतने रूपों से क्यों वंचित रखना इंसान को ?
आईये प्रण करे कि , हम अपने आस पास लड़कियों की भ्रूण हत्या को रोकेंगे .
प्रणाम
विजय
जिंदगी
जिंदगी की अपनी एक राह होती है .. चलते चलते ही उम्र बीत जाती है .
Friday, April 27, 2012
जिंदगी
जिंदगी की खूबसूरती में शरीर का रोल नगण्य होता है . जिंदगी विचारों की ख़ूबसूरती से बनती है . जीवन जीने की कला से बनती है जिंदगी और मैं तो कम से कम इस जिंदगी को सलाम करता हूँ .
Wednesday, April 25, 2012
इंसान
जैसे उगते हुए सूरज को बार बार देखना ,जैसे कुछ अच्छी फिल्मो को कई बार देखना , जैसे प्रेमिका का चेहरा बार बार देखना ,जैसे सोते हुए बच्चे को लाड करना ,जैसे मनपसंद गानों को हज़ार बार सुनना , जैसे अपनी ही लिखी कविता को बार बार पढ़ना और नए अर्थ खोजना ....कुछ बाते जिंदगी बार repeat करो , फिर भी इंसान थकता नहीं है .. ...
Sunday, April 22, 2012
जीवन
मुझे ऐसा लगता है कि , हमें आगे की ओर बढना चाहिए . जीवन अपने आप में एक रहस्य है और उसने अपने भीतर बहुत कुछ छुपा रखा है . और पता नहीं जीवन में कब क्या शुभ घटित हो जाए.
धडकन
चाँद, मोहब्बत,सितारे और यादे बेहिसाब
कारवां कुछ ऐसा ही होता है रातो को...
कभी कभी एक धडकन रुक सी जाती है
थोड़ी देर के लिए.....!
प्रेम
प्रेम की व्यापकता बहुत बड़ी होती
है , इतनी की उसमे जग समा जाए . और हर किसी के लिये प्रेम के मायने, आयाम,
अनुभव और मतलब अलग लगा ही होते है .
जीवन
लेकिन तुमने मुड़कर एक बार भी नहीं देखा.....
ये हर किसी के जीवन में होता है न ....
जिंदगी
आज बड़ी देर तलक जग गया मैं ;
जिंदगी भी एक रतजगा बन गयी है !
गम के भी अपने फ़साने होते है - बेवजह ही !
अपना
किसी अपने को ढूंढ रही मेरी नज़र ;
अगर मैं अपना सा लगे तो देखे इधर !
जिंदगी
एक जिंदगी वो है , जो हम हकीक़त में जीते है
और एक जिंदगी वो है , जो हम सपनो में जीते है .
सपने सिर्फ सपने ही बन कर रह जाते है .
और एक जिंदगी वो है , जो हम सपनो में जीते है .
सपने सिर्फ सपने ही बन कर रह जाते है .
हकीक़त सर चढ कर रुलाती है .
Friday, April 20, 2012
जीवन-एक रहस्य
मुझे ऐसा लगता है कि , हमें आगे की ओर बढना चाहिए . जीवन अपने आप में एक रहस्य है और उसने अपने भीतर बहुत कुछ छुपा रखा है . और पता नहीं जीवन में कब क्या शुभ घटित हो जाए.
Tuesday, April 17, 2012
Sunday, April 15, 2012
नयी ज़िन्दगी
वक़्त तो वही करेंगा ,
जो हमारी ख्वाइश होंगी न !
तो आओ कुछ नया सपना देखे .
कुछ नए अहसासों को बोयें .
एक नयी ज़िन्दगी की धड़कन को जिये ..!!!
जो हमारी ख्वाइश होंगी न !
तो आओ कुछ नया सपना देखे .
कुछ नए अहसासों को बोयें .
एक नयी ज़िन्दगी की धड़कन को जिये ..!!!
Saturday, April 14, 2012
जिंदगी के दिन
जिंदगी के दिन बस मिले सिर्फ चार !
दो उसे याद करने में गुजर गये ;
और दो उसे भूलने में निकल गये.....!
Thursday, April 12, 2012
Tuesday, April 10, 2012
प्रेम
दरअसल : असली प्रेम तो प्रेम में होना ही होता है, प्रेम में पढ़ना , प्रेम में गिरना , प्रेम करना इत्यादि सिर्फ उपरी सतह के प्रेम होते है . असली प्रेम तो बस प्रेम में होना , प्रेम ही हो जाना होता है .. ..प्रेम बस सिर्फ प्रेम !!
Friday, April 6, 2012
खुदा
तू भी खुदा , मैं भी खुदा ,
तेरा हुस्न खुदा , मेरा इश्क खुदा ;
तेरे संग दो पल की जिंदगी खुदा ;
और जब मौत आये तो वो भी खुदा !!!
तेरा हुस्न खुदा , मेरा इश्क खुदा ;
तेरे संग दो पल की जिंदगी खुदा ;
और जब मौत आये तो वो भी खुदा !!!
Thursday, April 5, 2012
या दिल की सुनो दुनियावालो...!!
या दिल की सुनो दुनियावालो ; या मुझको अभी चुप रहने दो ...
मैं गम को खुशी कैसे कह दूं . जो कहते है , उनको कहने दो... !!!
मुझे ये गीत बहुत बहुत पसदं है , और अक्सर अकेले में खूब गाता हूँ . और अक्सर ही गाने के अंत में सिर्फ एक खामोशी रहती है और मेरी भीगी हुई आँखों में कुछ गमी के लम्हे !!!!
Wednesday, April 4, 2012
ईश्वर का निजाम
दोस्तों ,अक्सर हम शिकायत करते है की मेरे साथ ही ऐसा क्यों हुआ , लेकिन कुछ समय बीत जाने के बाद लगता है की जो हुआ अच्छा ही हुआ , जो होता है अच्छे के लिए ही होता है . ईश्वर के बनाए हुए निजाम में थोड़ी देर के लिए लगता है की गलत हुआ है , लेकिन यही सही होता है ,जो कि कुछ देर के बाद पता चलता है . समय सब दर्दो की दवा है .. ...
Monday, April 2, 2012
इंसान और समय
इंसान अच्छा या बुरा नहीं होता है , बल्कि समय खराब होता है .
और हम सब समय के मायाजाल में फंसकर एक दूसरे का और अपना जीवन दोनों ही खराब करते रहते है .
मुझे तो ये समझ नहीं आता है कि इतनी समझदारी रहने के बाद भी हम समय के चक्रवात में फंसते है ...... यही प्रभु का बिछाया हुआ स्वर्णिम मायाजाल होता है .
बस इतना ही कहूँगा कि , तनिक सनद रखो , जीवन में अच्छे के लिये जगह बनाओ .
Saturday, March 31, 2012
सोचता हूँ कि तुम्हारे मेरे ज़िन्दगी में न होने से सिर्फ दुःख और खालीपन ही है ,पर ज़िन्दगी तो चल ही रही है क्योंकि खुदा के बनाए हुए इस निजाम में कभी भी कुछ भी नहीं रुकता है . ज़िन्दगी चलती ही रहती है .. यदि सोचना भी चाहे तो भी नहीं रूकती , सिवाय इसके कि उसके ख़त्म होने का समय आ जाये . और कभी कभी ये भी सोचता हूँ कि खुदा की शायद यही रज़ा थी कि मैं तेरे बिना और तू मेरे बिना ही जिये . और एक दुसरे की यादो में तड़प कर जिये और मरे.... पर ज़िन्दगी का रंग भी चटक ही होता है ... क्योंकि जीना इसी का नाम है ! पर आज फिर तेरी याद बहुत आ रही है !
Thursday, March 29, 2012
after all...जिंदगी दो दिन की है , एक दिन जानने में और एक दिन लड़ने में नहीं गुजार देनी चाहिए . कम से कम इश्क में तो ऐसा न करे......कौन जाने , कल न ये मिले और न ही ये पल......
Wednesday, March 28, 2012
ज़िन्दगी
उम्र के बहुत से बरस बीतने के बाद ये छोटी सी बात समझ में आई है कि, ज़िन्दगी सिर्फ साँसों से ही नहीं , बल्कि पैसो से भी चलती है .
अफ़सोस सिर्फ इस बात का है कि , ज़िन्दगी का बहुत सा अरसा पैसो की अहमियत को नहीं समझने में निकल गया . आज पैसो को छोड़कर बाकी सब कुछ है .
कभी कभी मन को भुलावा देता हूँ कि ये बाकी कुछ ही असली सम्पति है ......पर ये है एक सफ़ेद झूठ !!
अफ़सोस सिर्फ इस बात का है कि , ज़िन्दगी का बहुत सा अरसा पैसो की अहमियत को नहीं समझने में निकल गया . आज पैसो को छोड़कर बाकी सब कुछ है .
कभी कभी मन को भुलावा देता हूँ कि ये बाकी कुछ ही असली सम्पति है ......पर ये है एक सफ़ेद झूठ !!
Tuesday, March 27, 2012
अक्सर ...!!
अक्सर साल गुजर जाते है ;
और पता भी नहीं चलता ....
लेकिन कोई कोई दिन ऐसा आता है कि ;
ज़िन्दगी फिर बरसो के लिए ठहर जाती है ...!
.....
कोई सड़क ...
कोई मोड़ ......
कोई छूटता हुआ हाथ ....
कोई नयी कहानी ..
........
कमबख्त मोहब्बत न होती तो ही अच्छा था !!
ज़िन्दगी के दरख्तों में उम्र के पलो को मिलते हुए तो देख लेता !!!
Monday, March 26, 2012
बस यूँ ही.......
बस यूँ ही.......
कभी कभी ...
सोचता हूँ.......
और अपनी सोच को शब्दों में ढालता हूँ....
और शब्द ही यहाँ मेरे मौन का परिचय है !!!
कभी कभी ...
सोचता हूँ.......
और अपनी सोच को शब्दों में ढालता हूँ....
और शब्द ही यहाँ मेरे मौन का परिचय है !!!
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